Subscribe Us

क्या जनता की स्वच्छता जरूरत पर खरा उतर रहें श्री ए.के. शर्मा ?

  डॉ. अजय कुमार मिश्रा

 स्वच्छता और जीवन में स्वस्थ रहना एक ही सिक्के के दो पहलू है | स्वच्छता मानकों के अनुरूप होगी तो जीवन स्वस्थ रहेगा इसीलिए इस बात से भी इंकार नहीं किया जा सकता की आम जनता की कई जरूरतों में स्वच्छता का विशेष योगदान है और इसका भरपूर एहसास वर्तमान समय में सभी तबके के लोगों को होने भी लगा है | फिर चाहे व्यक्तिगत हो या फिर सार्वजानिक | राजनैतिक इतिहास बदल कर उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी को सत्ता में पुनः आये हुए महज नौ माह का समय हुआ है ऐसे में आम जनता द्वारा सरकार के कार्यो का मूल्यांकन करना शुरू कर दिया गया है | प्रदेश के कई विभाग आम जनता की प्रगति के लिए कार्य कर रहें है पर सबसे महत्वपूर्ण विभाग की चर्चा आज जरुरी इसलिए है क्योंकि देश के प्रधानमंत्री जी स्वच्छता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को लगातार दर्शाया है और अब पूरे उत्तर प्रदेश में स्वच्छता का जिम्मा श्री ए. के. शर्मा के पास है जो अपने कार्यो के प्रति समर्पण और आम जनता के लिए ईमानदारी से लगातार कार्य के लिए जाने जाते है | आम जनता के स्वास्थ्य को मजबूत स्वच्छता की पूर्ति होने पर ही किया जा सकता है और यह मुख्यधारा में न होते हुए भी सभी के लिए कही अधिक महत्वपूर्ण है |


उत्तर प्रदेश के महत्वपूर्ण दो विभागों का नेतृत्व श्री ए.के. शर्मा कर रहें है और दोनों विभाग जनता से न केवल सीधे जुड़े है बल्कि दिन प्रतिदिन उनका मूल्यांकन जनता द्वारा किया जा रहा है | मंत्री बनने के पश्चात् नगर विकास मंत्री के नेतृत्व में कई बड़े कदम उन्होंने उठाये है जैसे - नगरों में सफाई सुबह 5 से 8 बजे तक में होना | कर्मचारियों एवं अधिकारियों को मौके पर रहकर मशीनों का उपयोग करके सफाई निगरानी में करवाना | मुख्य मार्गों के साथ - साथ गलियों तक में साफ सफाई का किया जाना सुनिश्चित करना | व्यवसायिक क्षेत्रों में दिन में कई बार सफाई, सड़कों की मशीनों द्वारा सफाई तथा उनकी धुलाई कराना | गर्मी के दिनों में राज्य के नगरीय क्षेत्रों में पर्याप्त जल आपूर्ति साथ ही बरसात के दिनों में जल जमाव ना हो पर विशेष ध्यान देकर कार्य किया जाना | नगरों की स्वच्छता के लिए 17 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक विशेष नगर स्वच्छता अभियान चलाकर आम लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करना | 1 से 15 नवम्बर तक नगर सेवा पखवाड़ा अभियान चलाना  | 16 से 30 नवम्बर तक नगर सेवा अभियान का चलाना | 75 घण्टे, 75 जिले, 750 निकाय स्वच्छता युक्त करना | 5 से 12 दिसंबर तक नगर सुशोभन अभियान का चलाया जाना | डेंगू सहित संचारी रोगों के नियंत्रण के लिए विशेष ध्यान और एण्टी लार्वा का छिड़काव तथा फॉगिंग कराना | टेक्नोलॉजी का जनहित में अत्यधिक उपयोग करतें हुए निर्णय लेना |  डेडिकेटेड कमांड और कंट्रोल सेन्टर (DCCC) स्थापित कर  दिन - रात मॉनिटरिंग  कराना | उत्तर प्रदेश में पहली बार राज्य की जनता की शिकायतों को सुनने के लिए 1533 टोल फ्री नम्बर की हेल्पलाइन शुरू करना | जनता की शिकायतों के निवारण के लिए SAMBHAV (सम्भव) ऑनलाइन व्यवस्था लागू करना | नगरों में विकास कार्यों के सामंजस्य के लिए SUGAM नाम का पोर्टल चालू करना | नियमित सफाई के साथ ही नगरों में दशकों से इकट्ठा कूड़े के ढ़ेरों को हटवाने के साथ ही वहां सेल्फी प्वॉइंट, गार्डेन आदि का निर्माण कराना | सड़को पर गड्ढा मुक्ति का अभियान के उद्देश्यों की पूर्ति करना |  चौराहों के सुंदरीकरण करना | पार्कों के सुन्दरीकरण के साथ-साथ अमृत सरोवर बनाने के लिए और पुराने सरोवरों के जीर्णोद्धार के लिए अभियान चलाना | विकास के उद्देश्य से नए निकायों के गठन एवं सीमा विस्तार कराया जाना | नगर निकाय के चुनाव के लिए तत्काल परिसीमन बनवाना | कड़ाके की ठण्ड को देखते हुए त्वरित गति से अस्थायी रैन बसेरों की स्थापना कर उनको बुनियादी सुविधाओं से लैस करना | नगरीय क्षेत्रों में जरूरत मन्दों के बीच कम्बल का वितरण करना समेत अनेकों बड़े बदलाव के कार्य किये गए है और कई महत्वपूर्ण निर्णय भी लगातार लिए जा रहें है | महज नौ महीनों में जनता के हित की प्रतिबद्धता इनमे साफ दिखाई पड़ रही है | पर जनता के नजरिये को भी समझाना उतना ही महत्वपूर्ण है जितना की योजनाओं को लाना और लागू करना |


आम जनता के प्रति स्वच्छता सजगता लाने का आधुनिक तरीके से कार्य श्री ए.के. शर्मा के नेतृत्व में तेजी से किया जा रहा है ऐसे में यह प्रश्न उठता है की वास्तव में जनता को इसका लाभ मिल रहा है की नहीं क्योंकि इतिहास इस बात का गवाह रहा है योजनायें अनेकों कागजो पर रहती है पर वास्तविक लाभ आम जनता को नहीं मिल पाता | पर नगर विकास के परिप्रेक्ष्य में यह कहा जा सकता है कि सरकार और जनता के बीच खुला संवाद है जिसमे जनता को उचित स्वच्छता सहयोग न मिलने पर नगर विकास में एक दो नहीं कई ऐसे माध्यम बनाये गए है जिसमे शिकायत करने पर निर्धारित समय में कार्यो की पूर्ति हो रही है | अनेकों योजनाये लागू करके आम आदमी तक पहुचाया जा रहा | स्वयं नगर विकास मंत्री प्रदेश के हर क्षेत्र में जाकर कार्य का जमीनी मुल्यांकन भी कर रहे है और शिकायतों की निगरानी उनके नियंत्रण में है | महज नौ माह के कार्य के आधार पर श्री ए.के. शर्मा ने जो छवि आम जनता के बीच बनाना शुरू किया है वह लम्बी अवधि में जनता के लिए अत्यधिक लाभकारी सिद्ध होगा | पर बात सम्पूर्णता की आती है तो यह कहा जा सकता है की देश की सबसे अधिक आबादी वाला राज्य उत्तरे प्रदेश में स्वच्छता को सिर्फ विभाग या सरकार के भरोसे नहीं छोड़ा जा सकता आम जनता को भी उसमे शत-प्रतिशत अपना सहयोग करना है जिससे निर्धारित उद्देश्यों को पूरा किया जा सकें | महज स्वच्छता के मानकों को सभी लोग अपना ले तो एक दो नहीं बल्कि अनेकों समस्याओं का समाधान स्वतः हो जायेगा साथ ही सरकारी धन की भी बचत होगी | हममें से अधिकांश लोग सभी बातें सरकार के भरोसे छोड़कर अपने आप को नियमों के बंधन से आजाद कर स्वच्छता के मानकों की धज्जियाँ उडातें है जो अन्य लोगों के अलावा स्वयं के लिए भी नुकसानदायक है | पर मूलतः व्यवस्था का चलायामान रहना बहुत जरुरी है आज सार्वजनिक स्थानों पर दिख रही स्वच्छता अपने आप कई प्रश्नों पर विराम लगा देती है | विगत नौ माह के कार्यकाल के दौरान आज जनता की जुबान पर यह बात है की नगर विकास मंत्री उनके लिए लगातार कार्य कर रहें है और परिणाम भी सामने दिखाई पड़ रहा है | समय पर कार्य पूर्ति, कार्यो में पारदर्शिता, जनता और जिम्मेदार लोगों में खुला आपसी संवाद कही न कही इस बात को मजबूती से कह रहा है की स्वच्छता अब बेहतर रूप में सामने आई है और कार्य भी तेजी से हो रहा है | इस आधार पर कहा जा सकता है की श्री ए. के.शर्मा जी आम जनता के उद्देश्यों पर खरा उतर रहें है पर इस बात का भी एहसास उन्हें होना चाहिए की जनता की अपेक्षा और जरूरत पर एक दो नहीं बल्कि हर दिन खरा उतरने की जरूरत है और यह तभी संभव हो सकेगा जबकि आप हमेशा मजबूत इच्छा शक्ति के साथ कार्य में योजनाओं को साथ नवीनतम तकनीकी के साथ संलग्न रहेगे | और यह बात श्री ए.के. शर्मा और उनकी टीम अवश्य जान रही है तभी तो दिन प्रतिदिन जनता और उनके बीच सम्बन्ध गहरा होता चला जा रहा है।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ